alibaba
31st March 2009, 04:23 PM
फर्स्ट अप्रैल यानी मूर्ख दिवस। इस दिन एक-दूसरे को बेवकूफ बनाने के लिए लोग तमाम जतन करते हैं, लेकिन आप इंटरनेट यूजर हैं तो कल का दिन आपके लिए खतरनाक हो सकता है। ट्रोजन या वायरलेस से लैस कोई आकर्षक मेल आपके कंप्यूटर पर कहर बरपा सकता है। कनफिकर सी नामक वायरस खास पहली अप्रैल पर हमला करने के लिए तैयार है। खास बात है कि ये वायरस इतना खतरनाक है कि आपके सिक्योरिटी सिस्टम को फेल कर आपके कंप्यूटर में मौजूद सारे डाटा को चुरा सकता है और आपको इस बात का पता भी नहीं चलेगा कि आपका सिस्टम वायरस की गिरफ्त में है।
टंडन सॉल्यूशन प्रोवाइडर के सीईओ और आईटी एक्सपर्ट रक्षित टंडन कहते हैं कि कनफिकर सी किस प्रकार का वायरस है, यह कोई नहीं जानता। लेकिन फर्स्ट अप्रैल पर इससे सावधान रहने की सलाह जरूर दी जाती है। विभिन्न वेबसाइट्स, अविश्वसनीय डाउनलोड्स और संक्रमित यूएसबी ड्राइव के माध्यम से आपके सिस्टम में प्रवेश करने वाला यह वायरस विंडोज फाइल के रूप में चुपचाप सिस्टम के महत्वपूर्ण सिस्टम फोल्डर में बैठ जाता है। इसके बाद यह एंटीवायरस प्रोग्राम को बंद कर खुद को रजिस्टर्ड सर्विस के रूप में प्रदर्शित करता है। कंप्यूटर को सेफ मोड में खुलने से रोकता है। एक बार इस वायरस के कम्प्यूटर में घुसने के बाद एंटीवायरस सिस्टम को भी अपडेट नहीं होने देता। यह आपके कंप्यूटर को पूरी तरह वायरस का शिकार बना देता है।
कनफिकर के आतंक का यहीं अंत नहीं होता, बल्कि एक बार आपके सिस्टम में घुसने के बाद यह इसको बनाने वाले के हाथ से संचालित होता है। इसके साथ ही ये दूसरे इंटरनेट यूजर्स को भी स्पैम भेज कर संक्रमित कर देता है। नेटवर्क से इंफेक्टेड इस कंप्यूटर को बोटनेट कहते हैं। यह बोटनेट आपकी ब्राउजिंग हिस्ट्री से लेकर क्रेडिट कार्ड डिटेल तक सारी जानकारी वर्म क्रीएटर को दे देता है। यानी जिस व्यक्ति ने भी आपके पास ये वायरस भेजा होगा, वह आपके सिस्टम की जानकारी का दुरुपयोग कर सकता है।
अगर आपके कंप्यूटर में निम्न लक्षण दिखें तो मुमकिन है कि आपका कंप्यूटर भी कनफिकर की चपेट में आ चुका हो।
लक्षण:-
1. आपकी आज्ञा के बिना ऑटोमैटिक अपडेट बंद हो जाएं।
2. इंटरनेट की स्पीड धीमी हो जाए और वेबसाइट खुलने में बहुत ज्यादा समय लगे तो सावधान हो जाएं।
3. एंटीवायरस या एंटीस्पैम वेबसाइट एक्सेस नहीं होगी। अगर आपको इनमें से कोई भी लक्षण अपने सिस्टम में नजर आए तो तत्काल एंटीवायरस की लेटेस्ट सीडी के साथ सिस्टम को अपडेट करें।
3. इसके अलावा अपने वाई-फाई डिटेक्टर को बंद करें या कम्प्यूटर को अनप्लग करें।
4. एंटीवायरस को रीइंस्टाल कर सिस्टम को स्कैन करें।
5. कनफिकर को रिमूव करने के बाद सिस्टम को दोबारा स्कैन करें, क्योंकि कनफिकर आपके कंप्यूटर में और भी वायरस छोड़ सकता है। सामान्य से हटकर दिखने वाले किसी भी प्रोग्राम को सिस्टम में न रहने दें।
6. असंक्रमित कंप्यूटर का इस्तेमाल एमएस08-067 को लोड करने के बाद अपनी मशीन को इंटरनेट से दोबारा जोड़ें।
7. एमएस08-067 को लोड करने के लिए http://www.microsoft.com/technet/secqrity/bulletin/ms08-067.mspx
Source: Jagran (http://in.jagran.yahoo.com/news/national/general/5_1_5354940/)
टंडन सॉल्यूशन प्रोवाइडर के सीईओ और आईटी एक्सपर्ट रक्षित टंडन कहते हैं कि कनफिकर सी किस प्रकार का वायरस है, यह कोई नहीं जानता। लेकिन फर्स्ट अप्रैल पर इससे सावधान रहने की सलाह जरूर दी जाती है। विभिन्न वेबसाइट्स, अविश्वसनीय डाउनलोड्स और संक्रमित यूएसबी ड्राइव के माध्यम से आपके सिस्टम में प्रवेश करने वाला यह वायरस विंडोज फाइल के रूप में चुपचाप सिस्टम के महत्वपूर्ण सिस्टम फोल्डर में बैठ जाता है। इसके बाद यह एंटीवायरस प्रोग्राम को बंद कर खुद को रजिस्टर्ड सर्विस के रूप में प्रदर्शित करता है। कंप्यूटर को सेफ मोड में खुलने से रोकता है। एक बार इस वायरस के कम्प्यूटर में घुसने के बाद एंटीवायरस सिस्टम को भी अपडेट नहीं होने देता। यह आपके कंप्यूटर को पूरी तरह वायरस का शिकार बना देता है।
कनफिकर के आतंक का यहीं अंत नहीं होता, बल्कि एक बार आपके सिस्टम में घुसने के बाद यह इसको बनाने वाले के हाथ से संचालित होता है। इसके साथ ही ये दूसरे इंटरनेट यूजर्स को भी स्पैम भेज कर संक्रमित कर देता है। नेटवर्क से इंफेक्टेड इस कंप्यूटर को बोटनेट कहते हैं। यह बोटनेट आपकी ब्राउजिंग हिस्ट्री से लेकर क्रेडिट कार्ड डिटेल तक सारी जानकारी वर्म क्रीएटर को दे देता है। यानी जिस व्यक्ति ने भी आपके पास ये वायरस भेजा होगा, वह आपके सिस्टम की जानकारी का दुरुपयोग कर सकता है।
अगर आपके कंप्यूटर में निम्न लक्षण दिखें तो मुमकिन है कि आपका कंप्यूटर भी कनफिकर की चपेट में आ चुका हो।
लक्षण:-
1. आपकी आज्ञा के बिना ऑटोमैटिक अपडेट बंद हो जाएं।
2. इंटरनेट की स्पीड धीमी हो जाए और वेबसाइट खुलने में बहुत ज्यादा समय लगे तो सावधान हो जाएं।
3. एंटीवायरस या एंटीस्पैम वेबसाइट एक्सेस नहीं होगी। अगर आपको इनमें से कोई भी लक्षण अपने सिस्टम में नजर आए तो तत्काल एंटीवायरस की लेटेस्ट सीडी के साथ सिस्टम को अपडेट करें।
3. इसके अलावा अपने वाई-फाई डिटेक्टर को बंद करें या कम्प्यूटर को अनप्लग करें।
4. एंटीवायरस को रीइंस्टाल कर सिस्टम को स्कैन करें।
5. कनफिकर को रिमूव करने के बाद सिस्टम को दोबारा स्कैन करें, क्योंकि कनफिकर आपके कंप्यूटर में और भी वायरस छोड़ सकता है। सामान्य से हटकर दिखने वाले किसी भी प्रोग्राम को सिस्टम में न रहने दें।
6. असंक्रमित कंप्यूटर का इस्तेमाल एमएस08-067 को लोड करने के बाद अपनी मशीन को इंटरनेट से दोबारा जोड़ें।
7. एमएस08-067 को लोड करने के लिए http://www.microsoft.com/technet/secqrity/bulletin/ms08-067.mspx
Source: Jagran (http://in.jagran.yahoo.com/news/national/general/5_1_5354940/)