lampat
10th October 2008, 05:43 PM
http://in.jagran.yahoo.com/news/international/general/3_5_4894276.html
Oct 10, 02:59 pm
लंदन। आज के वैज्ञानिक बेशक सेक्स को लंबे जीवन की चाबी बताते रहें, लेकिन शनिवार को 105 साल की होने जा रही एक ब्रिटिश महिला ने भारतीय ऋषि मुनियों की अवधारणा पर चलते हुए अपनी दीर्घायु का राज ब्रह्माचर्य को बताया है।
सन् 1903 में ग्लासगो में जन्मी क्लारा मीडमोर ने कहा कि मेरी बहुत से पुरुषों के साथ निष्काम मित्रता रही। मुझे कभी न तो इससे आगे जाने की जरूरत महसूस हुई और न ही शादी करने की। ब्रिटेन की सर्वाधिक उम्रदराज कुंवारी ने कहा कि लोग मुझसे पूछते थे कि क्या मैं समलैंगिक हूं तो मेरा जवाब नहीं में होता। मेरी न तो कभी सेक्स में रुचि रही और न ही मैंने इसे लेकर कल्पनाएं कीं।
कुंवारी मीडमोर ने कहा कि वह बहुत व्यस्त रहती थीं और उन्हें किसी के साथ घनिष्ठ संबंध काफी परेशानी भरे प्रतीत होते थे। मीडमोर के हवाले से मेल आनलाइन ने शुक्रवार को कहा कि मेरी कल्पना होती थी की घनिष्ठ संबंधों में कई परेशानियां शामिल हैं और मैं हमेशा दूसरे कामों में व्यस्त रही। टाइटैनिक के डूबने और प्रथम विश्व युद्ध की यादें ताजा करते हुए 105 वर्षीय कुंवारी ने कहा कि मेरा कभी कोई ब्वायफ्रेंड नहीं रहा। मैंने इस तरह के संबंधों पर ध्यान नहीं दिया। जब मैं एक लड़की थी तो मुझसे कहा जाता था कि मुझे सिर्फ अपने पति के साथ ही सेक्स संबंध बनाने हैं, लेकिन मेरी कभी शादी नहीं हुई। उन्होंने कहा कि मैंने 12 साल की उम्र में शादी न करने का फैसला किया और अपने इस निर्णय पर पीछे मुड़कर नहीं देखा।
Oct 10, 02:59 pm
लंदन। आज के वैज्ञानिक बेशक सेक्स को लंबे जीवन की चाबी बताते रहें, लेकिन शनिवार को 105 साल की होने जा रही एक ब्रिटिश महिला ने भारतीय ऋषि मुनियों की अवधारणा पर चलते हुए अपनी दीर्घायु का राज ब्रह्माचर्य को बताया है।
सन् 1903 में ग्लासगो में जन्मी क्लारा मीडमोर ने कहा कि मेरी बहुत से पुरुषों के साथ निष्काम मित्रता रही। मुझे कभी न तो इससे आगे जाने की जरूरत महसूस हुई और न ही शादी करने की। ब्रिटेन की सर्वाधिक उम्रदराज कुंवारी ने कहा कि लोग मुझसे पूछते थे कि क्या मैं समलैंगिक हूं तो मेरा जवाब नहीं में होता। मेरी न तो कभी सेक्स में रुचि रही और न ही मैंने इसे लेकर कल्पनाएं कीं।
कुंवारी मीडमोर ने कहा कि वह बहुत व्यस्त रहती थीं और उन्हें किसी के साथ घनिष्ठ संबंध काफी परेशानी भरे प्रतीत होते थे। मीडमोर के हवाले से मेल आनलाइन ने शुक्रवार को कहा कि मेरी कल्पना होती थी की घनिष्ठ संबंधों में कई परेशानियां शामिल हैं और मैं हमेशा दूसरे कामों में व्यस्त रही। टाइटैनिक के डूबने और प्रथम विश्व युद्ध की यादें ताजा करते हुए 105 वर्षीय कुंवारी ने कहा कि मेरा कभी कोई ब्वायफ्रेंड नहीं रहा। मैंने इस तरह के संबंधों पर ध्यान नहीं दिया। जब मैं एक लड़की थी तो मुझसे कहा जाता था कि मुझे सिर्फ अपने पति के साथ ही सेक्स संबंध बनाने हैं, लेकिन मेरी कभी शादी नहीं हुई। उन्होंने कहा कि मैंने 12 साल की उम्र में शादी न करने का फैसला किया और अपने इस निर्णय पर पीछे मुड़कर नहीं देखा।